मृत्यु के निकट मृत्यु के निकट

संगत से जो गुण जात हैं  तो आवत काहे नहीं  एक सड़ा सेब सारे सेब सड़ा देता है  99 अच्छे सेब एक सड़े को अच्छा क्यूँ नहीं बनाते ....

Read more »
10:15 AM

" तुम ही हो दामिनी।" " तुम ही हो दामिनी।"

शब्दों के हिंसक प्रयोग से अधिक  यह आत्मा का रुदन है  आंसू सूख भी गए  तो लकीरें काफी हैं  इंसानियत को जगाने के लिए ........ ...

Read more »
1:17 PM

राष्ट्रगान राष्ट्रगान

हम क्या थे,हम क्या हो गए  इसे उसे दोष देते हुए  अपनी ही मंडी में नीलाम हो गए ! देश के लिए बने गीत जब ज़ुबान से निकलते थे  देश...

Read more »
11:07 AM

अंतर्कथा अंतर्कथा

प्रेम भी आकार लेता है जब  तो उससे पहले धुंध होती है  गहरे अँधेरे में बूंद बूंद बरसती धुंध  माँ की लोरियों जैसी  जीवन के अर्थ...

Read more »
10:36 AM

एक ख़त दामिनी के नाम एक ख़त दामिनी के नाम

भगवान् सुनता है  दामिनी भी सुनेगी ...   रश्मि प्रभा  ======================================================...

Read more »
10:00 AM

दृष्टिकोण : जिस पथ जाएँ वीर अनेक दृष्टिकोण : जिस पथ जाएँ वीर अनेक

जिस पथ जाएँ वीर अनेक भारतीय सेना के उच्च नैतिक मूल्य वीरता का पथ विश्वशांति और सौहार्द की ओर जाता है और युद्ध में मानवीयता...

Read more »
9:00 AM

कृष्ण की बातों को समझने का एक सुगम माध्यम कृष्ण की बातों को समझने का एक सुगम माध्यम

श्रीमदभगवदगीता को भाव पद्यानुवाद का रूप देकर श्री कैलाश शर्मा ने पाठकों को श्री कृष्ण को समझने का एक सुगम माध्यम दिया है . गीता सांसार...

Read more »
10:12 AM

टाइम मशीन टाइम मशीन

वक्त से आगे वक्त से परे देखकर क्या होगा  वक्त वही होता है,जो साथ होता है .... रश्मि प्रभा  ===================================...

Read more »
10:27 AM

लौ लौ

तुम्हारे सपने मरने नहीं चाहिए  तुम्हें औरों के सपनों को जिंदा रखना है  सपनों के रास्ते बनाने हैं - अनवरत ....  रश्मि प्रभा  ...

Read more »
12:06 PM

तुझे खाक खाक कर सकते हैं ! तुझे खाक खाक कर सकते हैं !

बहुत ... बहुत गलत कर दिया तुमने  अपने ऊपर कहर ढा लिया तुमने  माँ की बददुआओं से  खुद को भर लिया तुमने ! सर मेरा कभी झुकनेवाला नह...

Read more »
11:46 AM

मधेपुरा टुडे ...... बदलते परिवेश में कला-संस्कृति-साहित्य का बेहतर पायदान मधेपुरा टुडे ...... बदलते परिवेश में कला-संस्कृति-साहित्य का बेहतर पायदान

मधेपुरा टुडे ...... बदलते परिवेश में कला-संस्कृति-साहित्य का बेहतर पायदान  जिसकी सीढ़ियों पर रखे दीप अपने प्रकाश से भावनाओं का अभिषेक...

Read more »
1:39 PM

बस यही फर्क है ----- बस यही फर्क है -----

सोच का फर्क .... स्थिति को आसान भी बनाता है  और दुरूह भी .... रश्मि प्रभा  ================================================...

Read more »
9:38 AM

हाउसवाइफ किसे कहते हैं ? हाउसवाइफ किसे कहते हैं ?

हाउसवाइफ किसे कहते हैं ?  घर को घर बनाये  कभी न थके  गर हो तो ज़िक्र ना करे  थकान जब बीमारी बन जाये तो नसीहतें सुने  इसकी उ...

Read more »
10:00 AM

तूफान तूफान

आओ उसकी गर्जना में  हो उठें तूफ़ान हम  मौन टूटे - आग उगले  कड़क कड़क कर बरस पड़ें  आसमान के साथ साथ  खुद को भी शीतल करें ...

Read more »
10:00 AM

मधुशाला.... ( कहानी ) मधुशाला.... ( कहानी )

कहानी - एक छोटी सी पूरी ज़िन्दगी का लिबास होती है .................. रश्मि प्रभा  ============================================...

Read more »
10:44 AM
 
Top